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धरमजयगढ़ क्षेत्र के छाल इलाके के ग्राम मुनुंद में सेमर के पेड़ों की कटाई का मामला सामने आया है, जहां बिना किसी वैधानिक अनुमति के पेड़ों को काटने के साथ-साथ उन्हें ट्रकों में भरकर परिवहन किए जाने की जानकारी मिली है। स्थानीय लोगों द्वारा इसकी सूचना वन विभाग और राजस्व विभाग को दी गई, जिसके बाद संबंधित अमला मौके पर पहुंचा और मीडिया की मौजूदगी में कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की गई।
बताया जाता है कि मौके पर काफी मात्रा में लकड़ी को ट्रक में लोड किया जा रहा था। इसी दौरान कुछ ग्रामीणों के साथ ग्राम सरपंच भी स्थल पर पहुंचे और लकड़ी तथा ट्रक को लेकर कार्रवाई की प्रक्रिया प्रारंभ की गई। घटनास्थल पर मौजूद कर्मचारियों के अनुसार जब कार्रवाई चल रही थी, तभी लकड़ी लोड करने वाले एक कर्मचारी ने अपने मोबाइल फोन से अपने किसी वरिष्ठ व्यक्ति से बात कराई।
फोन पर हुई बातचीत के दौरान सामने वाले व्यक्ति ने खुद को कोरबा जिले का रज्जाक अली बताते हुए जिला पंचायत सदस्य होने का परिचय दिया। बातचीत के दौरान उनका लहजा मीडिया के प्रति काफी तीखा और दबावपूर्ण बताया जा रहा है, जिससे मौके पर मौजूद लोगों में चर्चा का माहौल बन गया। कई लोगों को यह भी लगा कि बातचीत में पद के प्रभाव का संकेत और दबाव का अंदाज साफ झलक रहा था।
कार्रवाई के दौरान मीडिया टीम के घटनास्थल से लौटने के बाद आगे क्या स्थिति बनी, इसकी स्पष्ट जानकारी नहीं मिल सकी। बाद में जब इस संबंध में जानकारी लेने के लिए संबंधित अधिकारियों से संपर्क करने की कोशिश की गई तो अधिकांश जिम्मेदार अधिकारियों ने फोन रिसीव नहीं किया, जबकि एक अधिकारी ने फोन उठाने के बाद भी आगे की जानकारी साझा करना उचित नहीं समझा।
ऐसे में सवाल यह उठता है कि आखिर मौके पर शुरू हुई कार्रवाई का अंतिम परिणाम क्या रहा और जब्त की गई लकड़ी तथा ट्रक को लेकर विभाग ने आगे क्या कदम उठाए। फिलहाल इस पूरे घटनाक्रम को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं जारी हैं।
